click
One India News
  • Home
  • Top News
  • India
  • World
  • Elections
  • Cricket
  • Podcast
  • Business
  • Technology
  • Entertainment
  • Lifestyle
  • Education
Reading: संभल दंगा पीड़ित रस्तोगी परिवार को 48 साल बाद जमीन, योगी सरकार ने पुनर्वास की दिशा में उठाया बड़ा कदम
Share
Aa
One India News
Aa
  • Top News
  • India
  • World
  • Elections
  • Cricket
  • Podcast
  • Business
  • Technology
  • Entertainment
  • Lifestyle
  • Education
  • Sports
  • Health
  • Agriculture
  • Religious
  • Utilitiy
Search
  • વિષયો
    • Top News
    • India
    • World
    • Elections
    • Cricket
    • Podcast
    • Business
    • Technology
    • Entertainment
    • Lifestyle
    • Education
    • Sports
    • Health
    • Agriculture
    • Utilitiy
    • Religious
Follow US
  • Advertise
© 2023 One India News. All Rights Reserved.
One India News > News > India > संभल दंगा पीड़ित रस्तोगी परिवार को 48 साल बाद जमीन, योगी सरकार ने पुनर्वास की दिशा में उठाया बड़ा कदम
IndiaTop NewsUttar Pradesh

संभल दंगा पीड़ित रस्तोगी परिवार को 48 साल बाद जमीन, योगी सरकार ने पुनर्वास की दिशा में उठाया बड़ा कदम

संभल दंगा पीड़ित रामशरण रस्तोगी परिवार को 48 साल बाद 100 गज जमीन का पट्टा दिया जाएगा। योगी सरकार के निर्देश पर प्रशासन ने सरकारी भूमि कब्जामुक्त कर पुनर्वास की प्रक्रिया शुरू की है।

Last updated: 2026/06/03 at 5:29 PM
One India News Team
Share
5 Min Read
SHARE

उत्तर प्रदेश के संभल में वर्ष 1978 के सांप्रदायिक दंगों से प्रभावित परिवारों के पुनर्वास को लेकर योगी आदित्यनाथ सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। दंगों में मारे गए रामशरण दास रस्तोगी के परिवार को प्रशासन द्वारा 100 गज जमीन का पट्टा दिया जा रहा है, ताकि परिवार दोबारा अपने पैतृक क्षेत्र में बस सके।

Contents
डीएम और एसपी की मौजूदगी में होगा पट्टा वितरणमुख्यमंत्री योगी से की थी न्याय की अपीलकैसे तैयार की गई जमीन?कौन थे रामशरण रस्तोगी?1978 के संभल दंगे क्यों रहे चर्चित?तुलसीराम परिवार को भी मिला था पुनर्वाससंभल में पुनर्वास और अतिक्रमण हटाने का अभियानराजनीतिक और सामाजिक चर्चा का विषय बना मामला

संभल प्रशासन के अनुसार, यह भूमि आलम सराय क्षेत्र में स्थित सरकारी जमीन से आवंटित की जा रही है, जिसे हाल ही में अतिक्रमण मुक्त कराया गया था।

डीएम और एसपी की मौजूदगी में होगा पट्टा वितरण

प्रशासनिक जानकारी के अनुसार, 3 जून 2026 को संभल के जिलाधिकारी अंकित खंडेलवाल और पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार विश्नोई की मौजूदगी में पीड़ित परिवार को भूमि का पट्टा सौंपा जाएगा।

बताया जा रहा है कि यह वही मामला है जिसे लेकर रस्तोगी परिवार ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कर पुनर्वास और न्याय की मांग की थी।

मुख्यमंत्री योगी से की थी न्याय की अपील

रामशरण रस्तोगी के पौत्र कपिल रस्तोगी ने अपनी बुजुर्ग माता के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कर परिवार के विस्थापन और संपत्ति से जुड़े मुद्दों को उठाया था।

इसके बाद राज्य सरकार ने मामले की जांच कराई। प्रशासनिक जांच में यह पुष्टि हुई कि रस्तोगी परिवार 1978 के दंगों के बाद संभल छोड़ने को मजबूर हुआ था।

कैसे तैयार की गई जमीन?

राजस्व विभाग की जांच के बाद आलम सराय क्षेत्र में स्थित सरकारी भूमि का सीमांकन किया गया।

प्रशासन के अनुसार, लगभग तीन बीघा सरकारी भूमि पर अतिक्रमण की शिकायतें थीं। जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद जमीन को कब्जामुक्त कराया गया और उसमें से 100 गज भूमि रस्तोगी परिवार को देने का निर्णय लिया गया।

कौन थे रामशरण रस्तोगी?

परिवार के अनुसार, रामशरण रस्तोगी संभल के मोहल्ला ठेर क्षेत्र में परचून व्यवसाय चलाते थे।

1978 के सांप्रदायिक दंगों के दौरान उनकी हत्या कर दी गई थी। परिवार का आरोप है कि दंगों के दौरान उनकी दुकान लूटी गई, आग लगा दी गई और हत्या के बाद शव को छिपाने का प्रयास किया गया।

दंगों के बाद पूरा परिवार संभल छोड़कर दिल्ली में बस गया था।

1978 के संभल दंगे क्यों रहे चर्चित?

संभल में 29 मार्च 1978 को हुए सांप्रदायिक दंगे उत्तर प्रदेश के इतिहास के चर्चित दंगों में गिने जाते हैं।

विभिन्न रिपोर्टों और अभिलेखों के अनुसार, दंगे कई दिनों तक चले थे और बड़ी संख्या में लोगों की जान गई थी। इसके बाद लंबे समय तक कर्फ्यू लागू रहा और कई परिवारों को विस्थापित होना पड़ा।

दंगे से जुड़े कई मुकदमे दर्ज हुए, हालांकि वर्षों बाद अनेक मामलों में कानूनी कार्रवाई समाप्त हो गई या आरोपितों को अदालत से राहत मिल गई।

तुलसीराम परिवार को भी मिला था पुनर्वास

रस्तोगी परिवार से पहले इसी दंगे से प्रभावित तुलसीराम के परिवार को भी प्रशासन ने भूमि वापस दिलाई थी।

जनवरी 2025 में प्रशासनिक कार्रवाई के बाद तुलसीराम परिवार को कथित रूप से उनकी जमीन का कब्जा दिलाया गया था। यह कार्रवाई भी राजस्व विभाग और पुलिस की निगरानी में हुई थी।

संभल में पुनर्वास और अतिक्रमण हटाने का अभियान

पिछले कुछ समय से संभल प्रशासन सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जों और राजस्व अभिलेखों से जुड़े मामलों की समीक्षा कर रहा है।

प्रशासन का कहना है कि जिन परिवारों के दावे दस्तावेजों और जांच में सही पाए जाएंगे, उनके मामलों पर कानून के अनुसार निर्णय लिया जाएगा।

राजनीतिक और सामाजिक चर्चा का विषय बना मामला

रस्तोगी परिवार को भूमि आवंटन का मामला राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है।

समर्थकों का कहना है कि यह दंगा पीड़ित परिवारों के पुनर्वास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, जबकि आलोचकों का कहना है कि ऐसे मामलों में सभी प्रभावित परिवारों के लिए समान और पारदर्शी प्रक्रिया अपनाई जानी चाहिए।

फिलहाल प्रशासन भूमि आवंटन की प्रक्रिया पूरी कर रहा है और रस्तोगी परिवार करीब पांच दशक बाद अपने पैतृक क्षेत्र में दोबारा बसने की तैयारी कर रहा है।

 

हमारी यूट्यूब चैनल को लाइक, शेयर और सब्सक्राइब करे

Like, Share and Subscribe our YouTube channel

🔗 https://www.youtube.com/@oneindianewscom

🔗 https://www.youtube.com/@oneindianewscom-Gujarat

You Might Also Like

कर्नाटक में OBC फंडिंग पर सियासी बवाल: ₹71.8 करोड़ की ग्रांट पर उठे सवाल, सिद्धारमैया ने दी सफाई

बांग्लादेश में भगवान राम की प्रतिमा को लेकर विवाद गहराया, विरोध प्रदर्शन के बीच निर्माण कार्य रोका गया

RG कर मेडिकल कॉलेज के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष पर KMC की बड़ी कार्रवाई, 45 दिन में अवैध निर्माण हटाने का आदेश

PM मोदी का 6 दिवसीय यूरोप दौरा: G7 समिट, VivaTech 2026 और स्लोवाकिया यात्रा से भारत को मिलेंगे बड़े रणनीतिक फायदे

दलित हिंदू बेटी का जिंदा नर्क: प्रेमजाल में फँसाकर रेप, जबरन निकाह, मदरसे में धर्मांतरण और सास का जिस्मफरोशी का धंधा

TAGGED: @india, administration, breakingnews, Government Land Allotment, GovernmentAction, hindinews, indianews, justice, Kapil Rastogi, LandAllotment, latestnews, NewsUpdate, oneindianews, PoliticalNews, Ramsharan Rastogi Family, RamsharanRastogi, Riot Victim Justice, Riot Victim Land Allotment, RiotVictims, Sambhal, Sambhal 1978 Riots, Sambhal Administration, Sambhal Latest News, sambhal news, Sambhal Rehabilitation, Sambhal Riot Victim, SambhalNews, SambhalRiots, TrendingNews, UP Government News, UPNews, uttar pradesh news, uttarpradesh, Yogi Adityanath Sambhal, Yogi Government Action, YogiAdityanath, उत्तर प्रदेश, उत्तर प्रदेश समाचार, कपिल रस्तोगी, ट्रेंडिंग समाचार, दंगा पीड़ित, दंगा पीड़ित न्याय, दंगा पीड़ित भूमि आवंटन, नवीनतम समाचार, न्याय, प्रशासन, ब्रेकिंग न्यूज़, भारत समाचार, भूमि आवंटन, यूपी समाचार, यूपी सरकार समाचार, योगी आदित्यनाथ संभल, योगी सरकार एक्शन, योगीआदित्यनाथ, राजनीतिक समाचार, रामशरण रस्तोगी, रामशरण रस्तोगी परिवार, वनइंडियान्यूज, संभल, संभल 1978 दंगे, संभल ताजा खबर, संभल दंगा पीड़ित, संभल दंगे, संभल न्यूज़, संभल पुनर्वास, संभल प्रशासन, संभल समाचार, समाचार अपडेट, सरकारी कार्रवाई, सरकारी भूमि आवंटन, हिंदीन्यूज

Sign Up For Daily Newsletter

Be keep up! Get the latest breaking news delivered straight to your inbox.
[mc4wp_form]
By signing up, you agree to our Terms of Use and acknowledge the data practices in our Privacy Policy. You may unsubscribe at any time.
One India News Team June 3, 2026
Share this Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Telegram Copy Link
Share
Previous Article गाजियाबाद में अवैध मदरसों पर प्रशासन का बड़ा एक्शन, 2 मदरसे सील; डासना में सरकारी जमीन पर बने मदरसे पर चला बुलडोजर
Next Article सूर्या चौहान हत्याकांड में चौथा आरोपित सारिक मेवाती गिरफ्तार, पुलिस ने 25 हजार का इनामी बदमाश दबोचा

ad1 300×250

Stay Connected

235.3k Followers Like
69.1k Followers Follow
56.4k Followers Follow
136k Subscribers Subscribe
- Advertisement -

Latest News

कर्नाटक में OBC फंडिंग पर सियासी बवाल: ₹71.8 करोड़ की ग्रांट पर उठे सवाल, सिद्धारमैया ने दी सफाई
India Karnataka Top News June 13, 2026
बांग्लादेश में भगवान राम की प्रतिमा को लेकर विवाद गहराया, विरोध प्रदर्शन के बीच निर्माण कार्य रोका गया
India Top News June 13, 2026
RG कर मेडिकल कॉलेज के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष पर KMC की बड़ी कार्रवाई, 45 दिन में अवैध निर्माण हटाने का आदेश
India Top News West Bengal June 13, 2026
PM मोदी का 6 दिवसीय यूरोप दौरा: G7 समिट, VivaTech 2026 और स्लोवाकिया यात्रा से भारत को मिलेंगे बड़े रणनीतिक फायदे
India Top News June 13, 2026

We influence 20 million users and is the number one business and technology news network on the planet

  • Andaman Nicobar
  • Andhra Pradesh
  • Arunachal Pradesh
  • Assam
  • Bihar
  • Chandigarh
  • Chhattisgarh
  • Delhi
  • Goa
  • Haryana
  • Himachal Pradesh
  • Jammu and Kashmir
  • Jharkhand
  • Karnataka
  • Kerala
  • Ladakh
  • Madhya Pradesh
  • Maharashtra
  • Manipur
  • Meghalaya
  • Mizoram
  • Nagaland
  • Odisha
  • Punjab
  • Rajasthan
  • Sikkim
  • Tamil Nadu
  • West Bengal
  • Telangana
  • Tripura
  • Uttar Pradesh
  • Uttarakhand
  • Andaman Nicobar
  • Andhra Pradesh
  • Arunachal Pradesh
  • Assam
  • Bihar
  • Chandigarh
  • Chhattisgarh
  • Delhi
  • Goa
  • Haryana
  • Himachal Pradesh
  • Jammu and Kashmir
  • Jharkhand
  • Karnataka
  • Kerala
  • Ladakh
  • Madhya Pradesh
  • Maharashtra
  • Manipur
  • Meghalaya
  • Mizoram
  • Nagaland
  • Odisha
  • Punjab
  • Rajasthan
  • Sikkim
  • Tamil Nadu
  • West Bengal
  • Telangana
  • Tripura
  • Uttar Pradesh
  • Uttarakhand

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

Loading
One India News
Follow US

© 2023 One India News. All Rights Reserved.

  • Privacy Policy

We use cookies to personalise content and ads, to provide social media features and to analyse our traffic. We also share information about your use of our site with our social media, advertising and analytics partners who may combine it with other information that you’ve provided to them or that they’ve collected from your use of their services. .

Removed from reading list

Undo
Welcome Back!

Sign in to your account

Register Lost your password?
One India News
Powered by  GDPR Cookie Compliance
Privacy Overview

This website uses cookies so that we can provide you with the best user experience possible. Cookie information is stored in your browser and performs functions such as recognising you when you return to our website and helping our team to understand which sections of the website you find most interesting and useful.

Strictly Necessary Cookies

Strictly Necessary Cookie should be enabled at all times so that we can save your preferences for cookie settings.