ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत के मामले में मध्य प्रदेश सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। Mohan Yadav के नेतृत्व वाली सरकार ने इस केस की जांच केंद्रीय एजेंसी CBI को सौंपने के लिए केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेज दिया है।
यह निर्णय उस समय लिया गया जब ट्विशा के पिता ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर निष्पक्ष जांच की मांग की।
संदिग्ध मौत और परिवार के गंभीर आरोप
12 मई 2026 को भोपाल के कटारा हिल्स इलाके में ट्विशा शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। उनकी शादी दिसंबर 2025 में समर्थ सिंह से हुई थी।
परिवार का आरोप है कि दहेज की मांग और लगातार प्रताड़ना के कारण उनकी हत्या की गई।
व्हाट्सएप चैट से खुलासा
परिजनों ने व्हाट्सएप चैट के जरिए दावा किया है कि ट्विशा को उनके पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह (पूर्व जिला जज) द्वारा मानसिक और शारीरिक रूप से परेशान किया जा रहा था।
पुलिस कार्रवाई और फरार आरोपी
कटारा हिल्स थाने में पुलिस ने समर्थ सिंह और गिरिबाला सिंह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 80(2), 85, 3(5) और दहेज प्रतिषेध अधिनियम की धारा 3/4 के तहत मामला दर्ज किया है।
मुख्य आरोपी समर्थ सिंह अभी फरार है और उसकी तलाश में पुलिस की छह टीमें जुटी हुई हैं।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर विवाद
परिवार ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर सवाल उठाते हुए दोबारा पोस्टमार्टम की मांग की थी, जिसे भोपाल कोर्ट ने खारिज कर दिया। अब परिजन हाई कोर्ट का रुख कर चुके हैं।
फिलहाल ट्विशा का शव AIIMS भोपाल में रखा हुआ है।
CBI जांच की मांग तेज
इस पूरे मामले में निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार ने केंद्र को CBI जांच की सिफारिश भेजी है। अब इस पर अंतिम फैसला केंद्र सरकार द्वारा लिया जाएगा।
हमारी यूट्यूब चैनल को लाइक, शेयर और सब्सक्राइब करे
Like, Share and Subscribe our YouTube channel