मध्य प्रदेश के बालाघाट और मंडला जिलों की सीमा पर हॉक फोर्स और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ में दो महिला नक्सली मारी गईं। मंडला पुलिस अधीक्षक रजत सकलेचा ने इस मुठभेड़ की पुष्टि की है। मारी गई नक्सलियों पर प्रत्येक पर ₹14-14 लाख का इनाम था।
मुख्य बिंदु:
🔹 मुठभेड़ का स्थान: मंडला जिले के बिछिया थाना अंतर्गत मुंडिदादर और गन्हेरिदादर के जंगल।
🔹 मारे गए नक्सली:
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इनमें से एक गढ़चिरौली (महाराष्ट्र) की नक्सली कमांडर थी।
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दोनों महिला नक्सली लंबे समय से इस क्षेत्र में सक्रिय थीं।
🔹 नक्सलियों के ठिकाने से बरामद सामग्री: -
हथियार, गोला-बारूद, नक्सली साहित्य और बड़ी मात्रा में खाद्य सामग्री।
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उनके कब्जे से संवेदनशील दस्तावेज भी मिले, जिनका विश्लेषण किया जा रहा है।
पिछली घटनाएँ और सुरक्षा बलों की रणनीति
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9 मार्च 2025: मंडला के कान्हा नेशनल पार्क के चिमटा वन परिक्षेत्र में सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई थी, जिसमें एक नक्सली ढेर हुआ था।
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उस समय विपक्षी दलों, विशेष रूप से कांग्रेस ने विधानसभा में इस मुठभेड़ को फर्जी करार दिया था।
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लेकिन सरकार और सुरक्षा बलों ने स्पष्ट किया कि यह अभियान नक्सल उन्मूलन रणनीति का हिस्सा है।
भारत मार्च 2026 तक नक्सलवाद मुक्त होगा: अमित शाह
गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में वादा किया था कि मार्च 2026 तक भारत को नक्सलवाद से मुक्त कर दिया जाएगा।
👉 इस डेडलाइन के बाद मध्य प्रदेश के मंडला और बालाघाट जिलों में सुरक्षा बलों ने नक्सल विरोधी अभियान तेज कर दिया है।
सरकार और सुरक्षा बलों की सक्रियता
✅ सर्च ऑपरेशन बढ़ाए गए हैं और जंगलों में लगातार गश्त हो रही है।
✅ स्थानीय खुफिया नेटवर्क मजबूत किया गया है, जिससे नक्सलियों की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा रही है।
✅ सुरक्षा बलों को लगातार सफलता मिल रही है, जिससे नक्सलियों के खिलाफ निर्णायक बढ़त बन रही है।
मध्य प्रदेश के नक्सल प्रभावित जिलों में सुरक्षा बल पूरी मुस्तैदी से अभियान चला रहे हैं। गृह मंत्री अमित शाह की 2026 तक नक्सलवाद खत्म करने की रणनीति के तहत हॉक फोर्स लगातार कार्रवाई कर रही है।
🔹 इस मुठभेड़ में दो वांछित महिला नक्सली मारी गईं और उनके सामान जब्त किए गए।
🔹 यह घटना सुरक्षा बलों के बढ़ते दबदबे को दर्शाती है और नक्सली संगठनों पर लगातार शिकंजा कस रहा है।