दुनिया का सबसे बड़ा डिजिटल कैमरा LSST स्थापित
वेरा सी. रुबिन ऑब्जर्वेटरी में दुनिया का सबसे बड़ा डिजिटल कैमरा LSST (Large Synoptic Survey Telescope) स्थापित किया गया है। यह अब तक का सबसे बड़ा डिजिटल इमेजिंग डिवाइस है, जिसका उपयोग अगले 10 वर्षों तक दक्षिणी आकाश के विस्तृत अवलोकन के लिए किया जाएगा।
LSST कैमरे की विशेषताएँ
- अद्वितीय जूम क्षमता: यह कैमरा इतनी उच्च क्षमता वाला है कि दूरस्थ ग्रहों और गैलेक्सियों तक को कैप्चर कर सकता है।
- टाइम लैप्स रिकॉर्डिंग: यह यूनिवर्स के टाइम लैप्स को रिकॉर्ड करेगा और ब्रह्मांड में होने वाले बदलावों को डॉक्यूमेंट करेगा।
- सुपर हाई-रेजोल्यूशन इमेजिंग: इसके द्वारा ली गई इमेज को देखने के लिए 400 UHD टेलीविज़न स्क्रीन की जरूरत होगी।
- खगोलीय घटनाओं की निगरानी: यह कैमरा सुपरनोवा, क्षुद्रग्रह (एस्टेरॉइड) और पल्सेटिंग तारों की गतिविधियों पर नजर रखेगा।
- डार्क मैटर का अध्ययन: यह ब्रह्मांड में डार्क मैटर के प्रभावों को मापने में भी मदद करेगा।
कैमरे की स्थापना और संचालन
- यह सिमोनयी सर्वे टेलीस्कोप पर सफलतापूर्वक स्थापित किया गया है।
- जल्द ही इसकी फाइनल टेस्टिंग होगी, जिसके बाद यह पूरी तरह से काम करना शुरू कर देगा।
- इस प्रोजेक्ट को अमेरिका के नेशनल साइंस फाउंडेशन (NSF) और डिपार्टमेंट ऑफ एनर्जी (DOE) द्वारा वित्तीय सहयोग प्राप्त हुआ है।
वेरा सी. रुबिन ऑब्जर्वेटरी का महत्व
यह ऑब्जर्वेटरी प्रसिद्ध खगोलशास्त्री वेरा रुबिन के नाम पर बनाई गई है, जिन्होंने गैलेक्सियों के गुरुत्वाकर्षण और डार्क मैटर के प्रभावों पर महत्वपूर्ण खोज की थी। उनका शोध इस बात की पुष्टि करता है कि गैलेक्सियों की गति को डार्क मैटर प्रभावित करता है।
कैमरे की वैज्ञानिक उपयोगिता
- ब्रह्मांड की विस्तृत 3D मैपिंग
- ब्रह्मांड में डार्क मैटर और डार्क एनर्जी के प्रभावों को समझने में सहायता
- पृथ्वी के लिए संभावित खतरनाक क्षुद्रग्रहों (Asteroids) की निगरानी
- ब्रह्मांड में सुपरनोवा विस्फोटों का अध्ययन
https://twitter.com/VRubinObs/status/1899834015193997801
LSST कैमरा खगोल विज्ञान में एक क्रांतिकारी कदम है, जो ब्रह्मांडीय रहस्यों को उजागर करने में मदद करेगा। इसकी अभूतपूर्व इमेजिंग क्षमता और डेटा संग्रह तकनीक खगोलशास्त्रियों को ब्रह्मांड के गहरे रहस्यों को समझने में सहायता प्रदान करेगी।