ओमान के तट के पास कमर्शियल जहाज Settebello पर हुए हमले को लेकर भारत ने कड़ा रुख अपनाया है। विदेश मंत्रालय (MEA) ने इस घटना की तीखी निंदा करते हुए भारत में अमेरिकी चार्ज डी’अफेयर्स जेसन मिक्स को तलब किया और औपचारिक विरोध दर्ज कराते हुए डिमार्श सौंपा। इस हमले में जहाज पर सवार तीन भारतीय क्रू सदस्य लापता बताए जा रहे हैं, जबकि 21 अन्य भारतीयों को सुरक्षित बचा लिया गया है।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, यह हमला 10 जून को ओमान के समुद्री क्षेत्र में हुआ। घटना के बाद भारत और ओमान की एजेंसियाँ संयुक्त रूप से सर्च एंड रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही हैं।
भारत ने जताई गहरी चिंता
विदेश मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव (अमेरिका) नागराज नायडू ने अमेरिकी प्रतिनिधि को तलब कर भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की। भारत ने इस मामले में तत्काल स्पष्टीकरण और जवाबदेही की मांग की है।
MEA ने अपने आधिकारिक बयान में कहा कि ओमान तट के पास कमर्शियल जहाज पर हमला बेहद चिंताजनक है और क्षेत्र में लगातार हो रहे ऐसे हमले अंतरराष्ट्रीय समुद्री सुरक्षा के लिए खतरा बनते जा रहे हैं।
There are better measures that could save the lives of seafarers instead of direct attacks on ships — especially when everyone onboard is known to be Indian and foreign nationals.
Someone must take responsibility. Seafarers’ lives should not be put at stake due to geopolitical… pic.twitter.com/nqDgpvDbKS
— FSUI (@FSUIINDIA) June 10, 2026
कमर्शियल शिपिंग पर हमले बंद करने की अपील
विदेश मंत्रालय ने बयान में कहा कि पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और संघर्ष का असर अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों पर साफ दिखाई दे रहा है। भारत ने सभी पक्षों से तनाव कम करने, बातचीत के जरिए समाधान निकालने और अंतरराष्ट्रीय कानूनों का सम्मान करने की अपील की।
बयान में कहा गया कि:
- कमर्शियल जहाजों और नागरिक ढांचे को निशाना बनाना तुरंत बंद किया जाए।
- अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों पर सुरक्षित और निर्बाध नौवहन बहाल किया जाए।
- क्षेत्र में शांति और स्थिरता स्थापित करने के लिए कूटनीतिक प्रयास तेज किए जाएं।
Ministry of External Affairs summoned Jason Meeks, Chargé d’Affaires of the United States to protest the attack on a ship. The move comes as India condemned the attack on the commercial vessel Settebello off the coast of Oman, which had 24 Indian crew members onboard. While 21… pic.twitter.com/fKl3mMw77y
— ANI (@ANI) June 10, 2026
भारतीय क्रू की सुरक्षा पर बढ़ी चिंता
बताया जा रहा है कि जहाज Settebello पलाऊ (Palau) के झंडे के तहत संचालित हो रहा था। यह हाल के दिनों में दूसरा मामला है जब पलाऊ ध्वज वाले जहाज पर हमला हुआ है।
कुछ दिन पहले MT Marivex नामक टैंकर पर भी हमला हुआ था। उस घटना में ओमान की सेना ने 24 भारतीय क्रू सदस्यों को सुरक्षित बचा लिया था। हालांकि लगातार दूसरी घटना के बाद खाड़ी क्षेत्र में कार्यरत भारतीय नाविकों और समुद्री कर्मचारियों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
ओमान के साथ मिलकर चल रहा रेस्क्यू ऑपरेशन
भारत सरकार ने पुष्टि की है कि लापता तीन भारतीय क्रू सदस्यों की तलाश के लिए व्यापक खोज अभियान जारी है। भारतीय दूतावास, विदेश मंत्रालय और ओमानी प्रशासन लगातार समन्वय में काम कर रहे हैं।
सरकार ने कहा है कि भारतीय नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी प्रभावित परिवारों के संपर्क में रहा जा रहा है।
क्षेत्रीय तनाव बना बड़ी चुनौती
विशेषज्ञों का मानना है कि पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव और समुद्री मार्गों पर बढ़ते हमले वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और व्यापार के लिए गंभीर चुनौती बनते जा रहे हैं। ओमान की खाड़ी और होर्मुज क्षेत्र विश्व के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री व्यापारिक मार्गों में शामिल हैं, जहाँ किसी भी प्रकार की अस्थिरता का असर वैश्विक बाजारों पर पड़ सकता है।
भारत ने एक बार फिर स्पष्ट किया है कि वह समुद्री सुरक्षा, अंतरराष्ट्रीय कानूनों के सम्मान और शांतिपूर्ण समाधान के पक्ष में खड़ा है।
हमारी यूट्यूब चैनल को लाइक, शेयर और सब्सक्राइब करे
Like, Share and Subscribe our YouTube channel