Skip to content
Tuesday, October 27, 2026 Ahmedabad 33°C

आतंकवाद को नजरअंदाज न करें, कनिष्क ब्लास्ट की 39वीं बरसी पर कनाडा में बोला भारत

आतंकवाद को नजरअंदाज न करें, कनिष्क ब्लास्ट की 39वीं बरसी पर कनाडा में बोला भारत

कनाडा की राजधानी ओटावा में भारतीय मिशन ने 1985 के कनिष्क बम विस्फोट की 39वीं बरसी मनाई। बता दें कि इस घटना में एयर इंडिया के विमान में सवार 86 बच्चों समेत 329 लोगों की मौत हो गई थी। इस दौरान भारतीय उच्चायुक्त ने आतंकवाद का मुद्दा उठाया है। भारतीय उच्चायुक्त का कहना है, 1985 में एआई-182 पर बमबारी सहित आतंकवाद को प्रचार करने का कोई भी काम गलत है।

संजय वर्मा ने श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए कहा कि दुनिया की किसी भी सरकार को राजनीतिक लाभ के लिए अपने क्षेत्रों से उत्पन्न होने वाले आतंकवाद के खतरे को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए.

आतंक के खिलाफ मिलकर करें काम

उन्होंने कहा कि मानव जीवन राजनीतिक हितों से कहीं अधिक महत्वपूर्ण है. इससे पहले कि आतंकी गतिविधियां बड़े पैमाने पर मानवता को नुकसान पहुंचाना शुरू करें, इनके खिलाफ कानूनी और सामाजिक कार्रवाई की जानी चाहिए. सरकारों, सुरक्षा एजेंसियों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों को आतंकवादी नेटवर्क को नष्ट करने, उनके फंडिंग को रोकने और उनकी विचारधाराओं का मुकाबला करने के लिए मिलकर काम करना चाहिए.

मृतकों को दी श्रद्धांजलि

इससे पहले, टोरंटो में स्थित भारत के महावाणिज्य दूतावास ने एक्स पर लिखा कि महावाणिज्य दूत सिद्धार्थ नाथ ने 39 साल पहले इसी दिन एआई 182 में हुए बम विस्फोट में जान गंवाने वाले 329 लोगों की याद में एअर इंडिया 182 स्मारक, हंबर पार्क, एटोबिकोक पर पुष्पांजलि अर्पित की.

फ्लाइट में विस्फोट

मॉन्ट्रियल-नई दिल्ली एअर इंडिया कनिष्क उड़ान संख्या-182 में 23 जून 1985 को लंदन के हीथ्रो एयरपोर्ट पर उतरने से 45 मिनट पहले विस्फोट हो गया, जिससे विमान में सवार सभी 329 लोग मारे गए थे. इनमें ज्यादातर भारतीय मूल के कनाडाई थे. माना जाता है कि साल 1984 में स्वर्ण मंदिर से आतंकवादियों को बाहर निकालने के लिए चलाए गए ‘ऑपरेशन ब्लूस्टार’ के जवाब में सिख आतंकवादियों ने कनिष्क बम विस्फोट को अंजाम दिया था.

Filed under World India

Share this story

Latest News

Explore Districts

News from every corner of Gujarat.