उत्तर प्रदेश पुलिस ने अवैध धर्मांतरण के एक और बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए “ऑपरेशन अस्मिता” के तहत 6 राज्यों से 10 लोगों को गिरफ्तार किया है। यह नेटवर्क कथित रूप से आतंकी संगठन ISIS से प्रेरित था और इसमें शामिल लोग सुनियोजित तरीके से लव जिहाद के ज़रिए युवतियों का धर्मांतरण कराते थे। पुलिस के अनुसार, इस नेटवर्क को विदेशों, खासकर कनाडा और अमेरिका से फंडिंग मिल रही थी और इसके तार प्रतिबंधित संगठन PFI, SDPI और पाकिस्तान के आतंकी संगठनों से भी जुड़े पाए गए हैं।

इस कार्रवाई की शुरुआत आगरा की दो बहनों के लापता होने की जांच से हुई, जिसकी छानबीन में यह पूरा रैकेट सामने आया। जांच में पता चला कि नेटवर्क के सदस्य युवतियों को प्रेमजाल में फंसा कर उनका ब्रेनवॉश करते थे, धर्मांतरण से जुड़े दस्तावेज तैयार करते थे और उन्हें कट्टरपंथ की ओर धकेलते थे। इनके बीच भूमिकाएं तय थीं—किसी का काम कानूनी मदद देना था तो कोई सेफ हाउस और सिम कार्ड की व्यवस्था करता था।
Big win for UP Police, a major ISIS-style Love Jihad & illegal conversion racket busted across 6 states :
– 10 arrested
– Linked to PFI, SDPI & foreign funding (Canada/US)
– Victims are mostly minor girls, they were lured, radicalized & converted
– 2 missing sisters from Agra… pic.twitter.com/nRAORi1GYY
— Mr Sinha (@MrSinha_) July 19, 2025
पुलिस ने 11 टीमों को दिल्ली, राजस्थान, गोवा, पश्चिम बंगाल, उत्तराखंड और यूपी में भेजा और सबूत जुटाकर गैर-जमानती वारंट के आधार पर गिरफ्तारी की। गिरफ्तार लोगों में गोवा की आयशा (पूर्व में एस.बी. कृष्णा), कोलकाता के अली हसन और उसामा, आगरा के रहमान कुरैशी, मुजफ्फरनगर का अब्बू तालिब, देहरादून का अबुर रहमान, जयपुर के मोहम्मद अली और जुनैद कुरैशी, दिल्ली के मुस्तफा (पूर्व में मनोज) जैसे नाम शामिल हैं। जांच अभी जारी है और नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश की जा रही है।