प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आयोजित नीति आयोग की 10वीं शासी परिषद की बैठक ने भारत के विकास पथ पर राज्यों की निर्णायक भूमिका को रेखांकित किया। इस बार का मुख्य विषय था:
“2047 में विकसित भारत के लिए विकसित राज्य”
यह बैठक न केवल ‘टीम इंडिया’ की भावना को मजबूती देती है, बल्कि विकसित भारत के लक्ष्य को केंद्र और राज्य दोनों की साझा ज़िम्मेदारी बनाकर प्रस्तुत करती है।
#WATCH | Delhi: Prime Minister Narendra Modi chairs the 10th NITI Aayog Governing Council Meeting on 'Viksit Rajya for Viksit Bharat@2047'.
(Source: DD News) pic.twitter.com/Sz0tVIXBnk
— ANI (@ANI) May 24, 2025
बैठक की प्रमुख बातें
🔹 ‘टीम इंडिया’ की भावना
पीएम मोदी: “अगर केंद्र और राज्य मिलकर टीम इंडिया की तरह काम करें, तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है।”
- इस बात पर जोर दिया कि 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लिए राज्य और केंद्र को मिलकर काम करना होगा।
- यह सहयोग सिर्फ आर्थिक विकास में नहीं बल्कि नवाचार, पर्यटन, इंफ्रास्ट्रक्चर और समावेशी विकास में भी चाहिए।
महत्वपूर्ण घोषणाएं और सुझाव
1. विकसित भारत: 140 करोड़ भारतीयों की आकांक्षा
- हर राज्य का विकास = भारत का विकास
- सभी राज्यों से स्थानीय जरूरतों और राष्ट्रीय प्राथमिकताओं पर आधारित लॉन्ग टर्म ‘दृष्टि पत्र’ (Vision Document) तैयार करने की अपील
"Viksit Bharat is the goal of every Indian. When every state is Viksit, then Bharat will be Viksit. This is the aspiration of its 140 crore citizens, "says PM Modi at the 10th NITI Aayog Governing Council Meeting pic.twitter.com/OU692ewrND
— ANI (@ANI) May 24, 2025
2. ‘एक राज्य, एक टूरिस्ट डेस्टिनेशन’ मिशन
- हर राज्य कम-से-कम एक वैश्विक स्तर का पर्यटन स्थल विकसित करे
- इससे न सिर्फ पर्यटन बढ़ेगा, बल्कि आसपास के शहरों का विकास और रोजगार सृजन भी होगा
3. भविष्य के लिए तैयार शहर
- भारत में तेजी से शहरीकरण हो रहा है
- शहरी विकास में तीन मुख्य स्तंभ हों:
- विकास (Growth)
- नवाचार (Innovation)
- स्थिरता (Sustainability)
"We have to increase the speed of development. If the Centre and all the States come together and work together like Team India, no goal is impossible," says PM Modi at the 10th NITI Aayog Governing Council Meeting pic.twitter.com/gy4iSzJ7p8
— ANI (@ANI) May 24, 2025
‘दृष्टि पत्र’ की अपेक्षाएं राज्यों से
नीति आयोग ने राज्यों से एक दीर्घकालिक विकास योजना तैयार करने को कहा जिसमें शामिल हों:
| प्राथमिकता | विवरण |
|---|---|
| समयबद्ध लक्ष्य | 2047 तक के लिए |
| स्थानीय ज़रूरतें | कृषि, स्वास्थ्य, शिक्षा, उद्योग आदि क्षेत्रों में |
| समावेशी विकास | महिलाओं, आदिवासियों, पिछड़े क्षेत्रों पर विशेष ध्यान |
| डिजिटल और ग्रीन अर्थव्यवस्था | जलवायु अनुकूल और टेक-ड्रिवन समाधान |
पृष्ठभूमि: ऑपरेशन सिंदूर के बाद पहली बड़ी बैठक
- हाल ही में भारत ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत पाकिस्तान में आतंकवादी ढांचे पर बड़ी कार्रवाई की
- इसके बाद यह बैठक सभी मुख्यमंत्रियों और उपराज्यपालों के साथ प्रधानमंत्री मोदी की रणनीतिक और विकासपरक संवाद की पहली बड़ी कोशिश है
"States should develop at least one tourist destination per State, at par with global standards, and by providing all facilities and infrastructure. One State: One Global Destination. It would also lead to the development of the neighbouring cities as tourist places," says PM… pic.twitter.com/NO2bizkn3k
— ANI (@ANI) May 24, 2025
बैठक का महत्व
- नीति आयोग की शासी परिषद भारत के सहकारी संघवाद का सर्वोच्च मंच है
- इसमें राज्यों के मुख्यमंत्री, केंद्र शासित प्रदेशों के उपराज्यपाल, और केंद्रीय मंत्री भाग लेते हैं
यह बैठक स्पष्ट संकेत देती है कि प्रधानमंत्री मोदी का विकसित भारत का सपना केवल दिल्ली से नहीं, बल्कि राज्यों से होकर गुजरता है।
राज्य यदि वैश्विक सोच और स्थानीय एक्शन के साथ आगे बढ़ें, तो 2047 में भारत का ‘विकसित राष्ट्र’ बनना सिर्फ सपना नहीं, सच्चाई बन सकता है।