डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ने H-1B वीजा नीति में बड़ा बदलाव करते हुए लंबे समय से चली आ रही लॉटरी प्रणाली को समाप्त कर दिया है। इसकी जगह अब स्किल और सैलरी आधारित चयन व्यवस्था लागू की जाएगी। इस फैसले का उद्देश्य ज्यादा कुशल और अधिक वेतन पाने वाले विदेशी कर्मचारियों को प्राथमिकता देना बताया गया है।
अमेरिकी होमलैंड सिक्योरिटी डिपार्टमेंट (DHS) ने 23 दिसंबर को इस बदलाव की औपचारिक घोषणा की। विभाग के अनुसार, नई नीति के तहत उच्च कौशल और ऊँची सैलरी वाले विदेशी वर्कर्स को H-1B वीजा में प्राथमिकता मिलेगी। प्रशासन का कहना है कि इससे अमेरिकी कर्मचारियों की नौकरियों और वेतन की रक्षा होगी।
The Diversity Visa lottery program has been letting people into our country based on woke criteria that ignores merit. It represents everything that is wrong with our immigration system.
At President Trump’s direction, @Sec_Noem is pausing this DEI lottery to Make America Safe… pic.twitter.com/HI8CHSt559
— Homeland Security (@DHSgov) December 22, 2025
DHS की ओर से जारी बयान में कहा गया कि नई वेटेड सिलेक्शन प्रक्रिया कांग्रेस के इरादों के अनुरूप है और इससे अमेरिका की वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता मजबूत होगी। यह व्यवस्था अमेरिकी कंपनियों को अधिक वेतन पर ज्यादा कुशल विदेशी कर्मचारियों को नियुक्त करने के लिए प्रोत्साहित करेगी। साथ ही, H-1B कार्यक्रम के दुरुपयोग को रोकने के लिए भविष्य में और सुधार किए जाएंगे, ताकि अमेरिकी श्रमिकों को नुकसान न पहुंचे।
ये नए नियम 27 फरवरी 2026 से लागू होंगे और अगली H-1B रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया पर प्रभावी होंगे। हालांकि, सालाना 65,000 H-1B वीजा की मूल सीमा और अमेरिकी एडवांस्ड डिग्री धारकों के लिए अतिरिक्त 20,000 वीजा के प्रावधान में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
इससे पहले सितंबर महीने में भी ट्रंप प्रशासन ने H-1B नीति को सख्त करते हुए नई एप्लीकेशनों पर 1 लाख डॉलर की अतिरिक्त फीस लगाने का फैसला किया था। इसका मकसद कम वेतन पर विदेशी वर्कर्स को नियुक्त करने की प्रथा पर रोक लगाना था।
एक्जीक्यूटिव ऑर्डर में यह भी कहा गया था कि कई अमेरिकी कंपनियाँ अपने स्थानीय कर्मचारियों को निकालकर कम सैलरी पर H-1B वीजा धारकों को हायर कर रही हैं, जिससे अमेरिकी श्रमिकों के हितों को नुकसान पहुंच रहा है। इसी प्रवृत्ति को रोकने के लिए सरकार ने लगातार कड़े कदम उठाने का संकेत दिया है।
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