ऑनलाइन सट्टेबाजी केस: 1xBET प्रमोशन को लेकर सुरेश रैना ईडी के सामने पेश
ऑनलाइन सट्टेबाजी मामले में भारतीय क्रिकेटर सुरेश रैना भी ईडी की जांच के दायरे में आ गए हैं। बुधवार सुबह 11 बजे रैना दिल्ली स्थित प्रवर्तन निदेशालय (ED) दफ्तर पहुंचे, जहां उनसे 1xBET ऐप के प्रमोशन को लेकर पूछताछ हो रही है। रैना इस ऐप के ‘रेस्पॉन्सिबल गेमिंग एंबेसेडर’ रह चुके हैं। इससे पहले युवराज सिंह, शिखर धवन और कई फिल्मी सितारों से भी इस केस में पूछताछ हो चुकी है।
#WATCH | Former Indian Cricketer Suresh Raina reaches ED office in Delhi to record his statement in 1xBet case following summons by the agency. pic.twitter.com/df9EYHIzJc
— ANI (@ANI) August 13, 2025
ईडी 1xBET, Foreplay, Lotus65 और अन्य बेटिंग ऐप्स की मनी लॉन्ड्रिंग के तहत जांच कर रही है। इन ऐप्स पर टैक्स चोरी, अवैध सट्टेबाजी और ‘सरोगेट विज्ञापन’ के आरोप हैं। एजेंसी पहले ही गूगल और मेटा जैसी बड़ी कंपनियों को समन भेज चुकी है।
आंकड़ों के मुताबिक, भारत में 22 करोड़ लोग किसी न किसी ऑनलाइन सट्टेबाज़ी ऐप से जुड़े हैं, जिनमें से 11 करोड़ रोजाना सक्रिय हैं। 2025 की पहली तिमाही में ही इन वेबसाइट्स पर 1.6 अरब विज़िट दर्ज हुईं। देश में ऑनलाइन सट्टेबाजी का बाजार 100 अरब डॉलर (₹8.3 लाख करोड़) से ज्यादा का हो चुका है और हर साल 30% की रफ्तार से बढ़ रहा है। अनुमान है कि टॉप बेटिंग ऐप्स हर साल लगभग ₹27,000 करोड़ टैक्स चोरी कर रहे हैं।
विशेषज्ञों के मुताबिक, ऑनलाइन जुए की लत डिप्रेशन, तनाव और आत्महत्या जैसी गंभीर समस्याओं को जन्म देती है। एक जनहित याचिका के अनुसार, सिर्फ तेलंगाना में ही 1,023 आत्महत्याएं ऑनलाइन सट्टेबाजी से जुड़ी रही हैं।
पूछताछ में ईडी रैना से कई अहम सवाल पूछ रही है, जिनमें शामिल हैं—
- 1xBET के प्रमोशन में आपकी सटीक भूमिका क्या थी?
- क्या आपको पता था कि यह भारत में गैर-कानूनी है?
- भुगतान किन माध्यमों से किया गया?
- क्या आपने अन्य बेटिंग प्लेटफॉर्म का भी प्रचार किया?
- क्या आपको ‘सरोगेट विज्ञापन’ और QR कोड के जरिए लोगों को असली सट्टा साइट पर भेजने की जानकारी थी?
ईडी का कहना है कि जांच का मकसद यह पता लगाना है कि क्या मशहूर लोग जानबूझकर गैर-कानूनी प्लेटफॉर्म को प्रमोट कर रहे थे या वे अनजाने में इसमें शामिल हुए। आने वाले दिनों में कई और सेलेब्रिटीज से भी पूछताछ हो सकती है।