पाकिस्तान ने अपने स्वतंत्रता दिवस के मौके पर भी भारत के खिलाफ आक्रामक बयानबाजी जारी रखी। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने सिंधु जल संधि और भारत के ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र करते हुए चेतावनी दी कि अगर पाकिस्तान की संप्रभुता और सुरक्षा को चुनौती दी गई तो उसका जवाब मई 2025 से भी अधिक कड़ा होगा।
पाकिस्तान के स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर राजधानी इस्लामाबाद में ‘यादगार-ए-फतह’ नामक स्मारक का उद्घाटन किया गया। कार्यक्रम में राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी और प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ समेत पाकिस्तान के शीर्ष सैन्य अधिकारी मौजूद रहे। स्वतंत्रता दिवस की बधाई के साथ अपना भाषण शुरू करने वाले शहबाज शरीफ ने कुछ ही देर बाद भारत, सिंधु जल और मई 2025 के सैन्य तनाव का मुद्दा उठा दिया।
सिंधु जल को लेकर भारत पर निशाना
शहबाज शरीफ ने सिंधु जल संधि को लेकर भारत के फैसले पर नाराजगी जताते हुए पानी को पाकिस्तान के लिए ‘रेड लाइन’ बताया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के लिए पानी की हर बूंद महत्वपूर्ण है और इस मामले में भारत के किसी भी कदम का जवाब दिया जाएगा।
शहबाज शरीफ ने कहा कि यदि पाकिस्तान की संप्रभुता या सुरक्षा को चुनौती दी जाती है तो इस्लामाबाद पहले से ज्यादा कड़ा जवाब देने के लिए तैयार है। उनके बयान को भारत और पाकिस्तान के बीच सिंधु जल विवाद तथा ऑपरेशन सिंदूर के बाद बने तनाव से जोड़कर देखा जा रहा है।
ऑपरेशन सिंदूर का फिर किया जिक्र
भारत ने पहलगाम आतंकी हमले के बाद ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत क्षेत्रों में आतंकवादी ढांचे को निशाना बनाया था। इसके बाद भारत और पाकिस्तान के बीच सैन्य तनाव बढ़ गया था। पाकिस्तान के नेतृत्व की ओर से इसके बाद लगातार अपनी सैन्य कार्रवाई और तैयारियों को लेकर दावे किए जाते रहे हैं।
स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रम में भी शहबाज शरीफ ने मई 2025 की घटनाओं का हवाला देते हुए पाकिस्तान की सैन्य क्षमता का जिक्र किया।
‘यादगार-ए-फतह’ स्मारक का उद्घाटन
इस्लामाबाद में आयोजित कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी और प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने ‘यादगार-ए-फतह’ स्मारक का उद्घाटन किया। पाकिस्तानी पक्ष के मुताबिक यह स्मारक देश के लिए जान गंवाने वाले सैनिकों को श्रद्धांजलि देने और पाकिस्तान द्वारा ‘मरका-ए-हक’ कहे जाने वाले सैन्य घटनाक्रम की स्मृति में बनाया गया है।
कार्यक्रम में पाकिस्तान के सैन्य नेतृत्व की भी मौजूदगी रही। इनमें चीफ ऑफ डिफेंस फोर्सेज और सेना प्रमुख फील्ड मार्शल असीम मुनीर, वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल जहीर अहमद बाबर सिधू और नौसेना प्रमुख एडमिरल नवीद अशरफ शामिल थे।
पाकिस्तान ने खुद को बताया ‘शांति की गारंटी देने वाला देश’
एक तरफ शहबाज शरीफ ने भारत को लेकर कड़े तेवर दिखाए, वहीं दूसरी ओर उन्होंने पाकिस्तान को क्षेत्र में शांति की गारंटी देने वाले देश के रूप में पेश किया। उन्होंने दावा किया कि पाकिस्तान अपनी सुरक्षा से कोई समझौता नहीं करेगा और किसी भी चुनौती का जवाब देने के लिए तैयार है।
इस पूरे भाषण में सिंधु जल विवाद और मई 2025 की सैन्य तनातनी का प्रमुखता से उल्लेख यह दिखाता है कि भारत-पाकिस्तान संबंधों में पानी, आतंकवाद और सुरक्षा से जुड़े मुद्दे अभी भी तनाव का बड़ा कारण बने हुए हैं।
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