मुंबई आतंकी हमले के आरोपी तहव्वुर राणा की न्यायिक हिरासत 13 अगस्त तक बढ़ी
मुंबई आतंकी हमले (26/11) के आरोपी तहव्वुर राणा को एक बार फिर अदालत से कोई राहत नहीं मिली है। दिल्ली की एक विशेष अदालत ने उसकी न्यायिक हिरासत को 13 अगस्त तक के लिए बढ़ा दिया है। यह फैसला विशेष न्यायाधीश चंदर जीत सिंह ने तब सुनाया जब राणा को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत में पेश किया गया। उसकी पहले की हिरासत की अवधि 9 जुलाई को समाप्त हो रही थी।
इससे पहले 6 जून को हुई सुनवाई में भी अदालत ने उसकी हिरासत को बढ़ाकर 9 जुलाई तक कर दिया था। अब इस अवधि को फिर से एक महीने के लिए बढ़ाया गया है।
तहव्वुर राणा, 26/11 के मुख्य साजिशकर्ता और अमेरिकी नागरिक डेविड कोलमैन हेडली उर्फ दाऊद गिलानी का करीबी सहयोगी रहा है। अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने 4 अप्रैल को राणा की उस याचिका को खारिज कर दिया था, जिसमें उसने भारत प्रत्यर्पण के फैसले के खिलाफ पुनर्विचार की मांग की थी। इसके बाद उसे भारत लाया गया।
गौरतलब है कि 26 नवंबर 2008 को 10 पाकिस्तानी आतंकवादी समुद्री मार्ग से मुंबई में घुसे थे और उन्होंने छत्रपति शिवाजी टर्मिनस रेलवे स्टेशन, ताज होटल, ओबेरॉय ट्राइडेंट और नरीमन हाउस (यहूदी केंद्र) पर समन्वित आतंकी हमला किया था। करीब 60 घंटे तक चले इस खूनी तांडव में 166 लोगों की जान गई थी और सैकड़ों घायल हुए थे।
अब तहव्वुर राणा की भूमिका को लेकर भारत में कानूनी प्रक्रिया तेज़ हो रही है और उसकी पूछताछ और संभावित ट्रायल को लेकर जांच एजेंसियों की निगरानी जारी है।